1. अंडमान एवं निकोबार मत्स्य पालन नाव व उपकरण सब्सिडी योजना का परिचय
अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह का 1,962 किलोमीटर लंबा विस्तृत समुद्र तट और विशाल विशिष्ट आर्थिक क्षेत्र (Exclusive Economic Zone – EEZ) देश के सबसे समृद्ध समुद्री मत्स्य भंडारों में से एक है। द्वीपवासियों की आजीविका को सशक्त बनाने तथा आधुनिक समुद्री मत्स्य पालन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से अंडमान एवं निकोबार प्रशासन के मत्स्य निदेशालय (Directorate of Fisheries, Andaman & Nicobar Administration) द्वारा “नई मोटर चालित/मशीनीकृत मछली पकड़ने वाली नौकाओं के निर्माण/खरीद एवं इनपुट सहायता पर सब्सिडी योजना” (Subsidy for Construction/Purchase of New Motorized/Mechanized Fishing Boats & Fishing Inputs) का संचालन किया जा रहा है।
यह योजना केंद्र शासित प्रदेश की योजना (UT Plan Scheme) तथा केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (PMMSY) के समन्वय से क्रियान्वित की जाती है। इसका प्राथमिक उद्देश्य पारंपरिक मछुआरों, स्थानीय बेरोजगार युवाओं तथा मत्स्य सहकारी समितियों को आधुनिक मछली पकड़ने वाली नौकाओं, उच्च क्षमता के समुद्री इंजनों, सुरक्षा उपकरणों और आधुनिक जालों से सुसज्जित कर उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि करना है।
2. मिलने वाली सब्सिडी और वित्तीय सहायता का विवरण (Pattern of Assistance)
मत्स्य निदेशालय के आधिकारिक योजना मानकों के अनुसार, नौका निर्माण और इनपुट उपकरणों पर सब्सिडी का ढांचा श्रेणीवार निर्धारित किया गया है:
- सामान्य मछुआरे, स्थानीय युवा व उद्यमी: नई मोटर चालित या मशीनीकृत मछली पकड़ने वाली नाव की कुल अनुमोदित लागत (Unit Cost) पर 50% की पूंजीगत सब्सिडी (Capital Subsidy) प्रदान की जाती है।
- अनुसूचित जनजाति (ST) एवं जनजातीय समितियां: निकोबार और अन्य अधिसूचित जनजातीय क्षेत्रों के पात्र आदिवासी मछुआरों तथा जनजातीय मत्स्य सहकारी समितियों के लिए 75% तक की विशेष सब्सिडी का प्रावधान है।
- समुद्री सुरक्षा एवं संचार उपकरण: गहरे समुद्र में मछुआरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डिस्ट्रेस अलर्ट ट्रांसमीटर (Distress Alert Transmitter – DAT), जीपीएस (GPS), और फिश फाइंडर (Fish Finder) की खरीद पर 75% तक की उच्च वित्तीय सहायता दी जाती है।
- इनपुट एवं उपकरण सहायता: आधुनिक मछली पकड़ने वाले जाल (Fishing Nets), इनबोर्ड/आउटबोर्ड मोटर इंजन (Inboard/Outboard Marine Engines) तथा इंसुलेटेड आइस बॉक्स (Insulated Ice Boxes) की खरीद पर लागत का 40% से 50% तक अनुदान उपलब्ध कराया जाता है।
3. लक्षित लाभार्थी एवं पात्रता शर्तें (Eligibility Criteria)
इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए आवेदक को निम्नलिखित विभागीय पात्रता मानदंडों को पूरा करना आवश्यक है:
- स्थानीय निवासी: आवेदक अंडमान एवं निकोबार द्वीप समूह का स्थायी निवासी (Bonafide Resident / Islander) होना चाहिए।
- मछुआरा पहचान: आवेदक के पास मत्स्य निदेशालय द्वारा जारी वैध मछुआरा पहचान पत्र (Fishermen Identity Card – FID) होना चाहिए अथवा वह पारंपरिक रूप से मत्स्य व्यवसाय से जुड़ा हो।
- बेरोजगार युवा व उद्यमी: मत्स्य पालन क्षेत्र में स्वरोजगार स्थापित करने के इच्छुक स्थानीय बेरोजगार युवा भी नई नाव इकाई के लिए आवेदन कर सकते हैं।
- सहकारी समितियां: द्वीप समूह में सहकारिता विभाग के अंतर्गत विधिवत पंजीकृत प्राथमिक मत्स्य सहकारी समितियां (Fisheries Cooperative Societies) भी इस अनुदान की पात्र हैं।
- नाव विनिर्देश (Specifications): निर्माण की जाने वाली नाव या खरीदे जाने वाले इंजन का तकनीकी विनिर्देश मत्स्य विभाग के अनुमोदित मानकों और नौकायन सुरक्षा नियमों के अनुरूप होना चाहिए।
- पूर्व लाभ का अंतराल: आवेदक ने पिछले निर्धारित वर्षों (आमतौर पर 3 से 5 वर्ष) के दौरान इसी मद में प्रशासन से कोई अन्य सब्सिडी प्राप्त न की हो।
4. आवश्यक दस्तावेजों की सूची (Checklist of Documents)
योजना के लिए आवेदन करते समय निम्नलिखित दस्तावेजों की स्व-प्रमाणित प्रतियां प्रस्तुत करना आवश्यक है:
- मछुआरा पहचान पत्र (FID Card) / बायोमेट्रिक कार्ड: मत्स्य विभाग द्वारा जारी पहचान पत्र।
- आधार कार्ड: आवेदक का आधार कार्ड पहचान व पते के प्रमाण हेतु।
- स्थानीयता प्रमाण पत्र: आइलैंडर आईडी कार्ड (Islander Identity Card) या स्थानीय निवासी प्रमाण पत्र।
- अनुसूचित जनजाति प्रमाण पत्र (ST Certificate): यदि आवेदक 75% जनजातीय सब्सिडी के लिए दावा कर रहा हो।
- बैंक खाता विवरण: राष्ट्रीयकृत बैंक खाते की पासबुक का पहला पृष्ठ (खाता आधार से लिंक होना अनिवार्य)।
- नाव / उपकरण का प्रोफार्मा इनवॉइस (Quotation): अनुमोदित बोट बिल्डर या अधिकृत डीलर से नाव निर्माण सामग्री, इंजन या सुरक्षा उपकरणों का वैध कोटेशन।
- सहकारी समिति पंजीकरण (यदि लागू हो): समिति का पंजीकरण प्रमाण पत्र, बाय-लॉज और प्रबंध समिति का प्रस्ताव।
- पासपोर्ट साइज फोटो: आवेदक की 2 नवीन पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ।
5. आवेदन करने की संपूर्ण प्रक्रिया (Online & Offline Application Guide)
ऑनलाइन माध्यम (ANI e-Seva Portal):
- अंडमान एवं निकोबार प्रशासन के आधिकारिक सेवा पोर्टल ANI e-Seva (anieseva.andamannicobar.gov.in) पर जाएं।
- नागरिक लॉगिन के माध्यम से प्रवेश करें और Directorate of Fisheries विभाग का चयन करें।
- सेवाओं की सूची में “Subsidy for Construction/Purchase of Fishing Boat / Marine Equipment” विकल्प चुनें।
- फॉर्म में अपनी व्यक्तिगत जानकारी, मछुआरा पंजीकरण संख्या, प्रस्तावित नाव का आकार, इंजन की क्षमता (HP) आदि दर्ज करें।
- कोटेशन, आधार कार्ड, मछुआरा आईडी और बैंक पासबुक की स्पष्ट प्रतियां अपलोड करें।
- आवेदन सबमिट करें और प्राप्त पावती संख्या (Application Acknowledgment Number) को सुरक्षित नोट कर लें।
ऑफलाइन माध्यम (विभागीय जोनल कार्यालय):
- मत्स्य निदेशालय, श्री विजय पुरम (पोर्ट ब्लेयर) अथवा अपने क्षेत्र के जोनल मत्स्य कार्यालय (डिगलीपुर, मायाबंदर, रंगत, हैवलॉक/स्वराज द्वीप, हट बे, कार निकोबार, कैंपबेल बे) से आवेदन पत्र प्राप्त करें।
- फॉर्म भरकर सभी दस्तावेजों और तकनीकी कोटेशन के साथ संबंधित मत्स्य उप-निरीक्षक (Fisheries Sub-Inspector / Inspector) के पास जमा कराएं।
- विभाग की तकनीकी समिति द्वारा भौतिक सत्यापन और स्वीकृति के बाद लाभार्थी को निर्माण कार्य शुरू करने की अनुमति दी जाती है तथा चरणों में सब्सिडी सीधे बैंक खाते में विमुक्त की जाती है।
6. आधिकारिक पोर्टल एवं संपर्क सूत्र (Official Portals & Contacts)
- विभाग: मत्स्य निदेशालय (Directorate of Fisheries), अंडमान एवं निकोबार प्रशासन
- मुख्यालय का पता: Directorate of Fisheries, Mohanpura, Sri Vijaya Puram (Port Blair), A&N Islands – 744101
- आधिकारिक वेबसाइट: fisheries.andaman.gov.in
- प्रशासनिक पोर्टल: andamannicobar.gov.in
- नागरिक सेवा पोर्टल: ANI e-Seva Portal
- दूरभाष / पूछताछ: 03192-232770 / 233284
7. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (Frequently Asked Questions – FAQs)
प्रश्न 1: अंडमान निकोबार में मछली पकड़ने वाली नाव पर कितनी सब्सिडी मिलती है?
उत्तर: सामान्य मछुआरों, स्थानीय युवाओं और समितियों को 50% तथा अनुसूचित जनजाति (ST) वर्ग के मछुआरों व आदिवासी समितियों को 75% तक की पूंजीगत सब्सिडी दी जाती है।
प्रश्न 2: क्या यह योजना केवल पारंपरिक मछुआरों के लिए है?
उत्तर: नहीं, पारंपरिक मछुआरों के साथ-साथ द्वीप समूह के स्थानीय बेरोजगार युवा और पंजीकृत मत्स्य सहकारी समितियां भी इस योजना के तहत पात्र हैं।
प्रश्न 3: क्या नाव के साथ इंजन और सुरक्षा उपकरणों पर भी अनुदान मिलता है?
उत्तर: हां, आउटबोर्ड/इनबोर्ड इंजन, आधुनिक जाल, आइस बॉक्स तथा आपातकालीन सुरक्षा यंत्रों (DAT/GPS) पर भी विशेष अनुदान का प्रावधान है।
प्रश्न 4: नाव निर्माण के लिए लकड़ी या फाइबर ग्लास (FRP) के क्या नियम हैं?
उत्तर: नाव का निर्माण समुद्री सुरक्षा मानकों और मत्स्य विभाग द्वारा अनुमोदित विनिर्देशों (Approved Boat Yard & Design) के अनुसार होना अनिवार्य है।
प्रश्न 5: सब्सिडी का भुगतान कैसे किया जाता है?
उत्तर: तकनीकी सत्यापन और नौका के समुद्री पंजीकरण (Registration of Fishing Vessel) के उपरांत सब्सिडी की राशि सीधे लाभार्थी के बैंक खाते में DBT के माध्यम से अंतरित की जाती है।
8. महत्वपूर्ण सावधानियां एवं सुझाव (Important Precautions)
नौका निर्माण या उपकरण खरीद का कार्य केवल अधिकृत और अनुमोदित वेंडरों से ही करवाएं। मत्स्य विभाग से पूर्व-स्वीकृति (Prior Approval) प्राप्त किए बिना स्वयं निर्माण शुरू करने पर सब्सिडी का दावा अमान्य हो सकता है। समुद्र में जाने से पूर्व नौका का अनिवार्य पंजीकरण तथा सुरक्षा उपकरणों की स्थापना आवश्यक है।
सत्यापन तिथि: अक्टूबर 2026 | आधिकारिक स्रोत: मत्स्य निदेशालय, अंडमान एवं निकोबार प्रशासन (fisheries.andaman.gov.in एवं andamannicobar.gov.in)।
अस्वीकरण (Disclaimer): जन सरकारी योजना (JanSarkariYojna.com) एक स्वतंत्र सूचनात्मक वेबसाइट है। यह किसी भी सरकारी संस्था का प्रतिनिधित्व नहीं करती है। यह विवरण द्वीपवासियों की सुविधा व मार्गदर्शन हेतु आधिकारिक दिशानिर्देशों के आधार पर संकलित किया गया है। आवेदन प्रक्रिया, बजट उपलब्धता और स्वीकृति से जुड़े सभी अधिकार संबंधित विभाग के अधीन हैं।

